उन्नाव रेप कांड की जांच करेगी सीबीआई, विधायक के खिलाफ दर्ज होगा रेप का मुकदमा

उन्नाव रेप कांड की जांच करेगी सीबीआई, विधायक के खिलाफ दर्ज होगा रेप का मुकदमा
Thursday, April 12, 2018 - 08:02

लखनऊ : उन्नाव रेप कांड में यूपी सरकार एक्शन में आ गई है। मामले में योगी सरकार ने कड़ा एक्शन लेते हुए जांच के लिए केस सीबीआई के सुपुर्द करने का फैसला लिया है। वहीं, विधायक कुलदीप सिंह सेंगर और उसके साथियों के खिलाफ गैंगरेप और पीड़िता के पिता से मारपीट का मुकदमा दर्ज होगा। सरकार ने रेप पीड़िता के परिवार को सुरक्षा देने का आश्वासन दिया है। मामले में दो डॉक्टरों व एक सीओ को निलंबित कर दिया गया है।

वहीं, इसके पहले विधायक बुधवार रात 11:30 बजे समर्थकों के साथ एसएसपी की गैर मौजूदगी में एसएसपी कैंप ऑफिस पहुंचे। वहां मीडियाकर्मियों पर भड़क उठे। करीब 20 मिनट हंगामे के बाद वह लौट गए। मीडियाकर्मियों से हाथापाई कर रहे उनके समर्थकों को हजरतगंज पुलिस ने लाठी फटकार कर खदेड़ा। सेंगर ने वहां मीडिया द्वारा सरेंडर करने की बात पर बयान दिया, आप (मीडिया) जहां कहो वहीं चलें। आपके चैनल पर चलकर बैठें...। मैं चैनल के साथियों के कहने से यहां आया हूं। चैनल के साथी जहां कहेंगे वहां चलूंगा...। नमस्ते...।

इस दौरान विधायक समर्थकों ने मीडियाकर्मियों से बदसलूकी और धक्कामुक्की की। हालांकि, अभी तक विधायक के खिलाफ कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई है लेकिन मामले की एसआईटी रिपोर्ट में विधायक को आरोपी बताया गया है।

मामले में गठित एसआईटी की जांच में भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को मारपीट की साजिश रचने का आरोपी बताया गया है। वहीं विधायक के भाई अतुल सिंह को पीड़िता के पिता के साथ मारपीट में दोषी पाया गया है।

एडीजी जोन राजीव कृष्ण के नेतृत्व में गठित इस टीम की प्रारंभिक रिपोर्ट में विधायक और रेप पीड़िता के परिवारों के बीच पुरानी रंजिश की भी बात सामने आई है। एसआईटी ने पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच का भी सुझाव दिया है और उन्नाव पुलिस को भी मामले में दोषी माना है। रिपोर्ट में वहां की एसपी पुष्पांजलि को हटाने की संस्तुति की बात भी की जा रही है और पुलिस अफसरों पर कदम-कदम पर लापरवाही बरतने का जिक्र किया गया है।

मालूम हो कि घटना की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने डीजीपी से 24 घंटे के भीतर रिपोर्ट तलब की थी। इसके मद्देनजर डीजीपी ने एसआईटी गठित कर उन्नाव भेजा था। यह टीम बुधवार को उन्नाव के माखी थाना क्षेत्र में स्थित पीड़िता के घर पहुंची। वहां दो घंटे से भी ज्यादा समय तक पीड़िता व उसके परिवारीजनों से बात की। विधायक पक्ष के भी पांच लोगों से पूछताछ की गई। एसआईटी ने उन्नाव के डीएम व एसपी से अलग से मीटिंग कर जानकारी ली गई।